1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Mar 12, 2026, 5:00:37 PM
- फ़ोटो Reporter
Bihar New Governor: बिहार के नए राज्यपाल और भारतीय सेना के पूर्व वरिष्ठ अधिकारी सैयद अता हसनैन गुरुवार को पटना पहुंचे। उनका शपथ ग्रहण समारोह 14 मार्च को लोक भवन में आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर पटना हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।
रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन भारतीय सेना में अपनी उत्कृष्ट सेवाओं और रणनीतिक नेतृत्व के लिए जाने जाते हैं। सेना में लंबे अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं और सुरक्षा से जुड़े मामलों में उनकी विशेषज्ञता मानी जाती है। उनकी नियुक्ति को प्रशासनिक और रणनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
सैयद अता हसनैन ने करीब 40 वर्षों तक भारतीय सेना में सेवा दी है। अपने सैन्य करियर के दौरान उन्होंने जम्मू-कश्मीर में कई अहम जिम्मेदारियां निभाईं। वर्ष 2012 से 2014 के बीच वे श्रीनगर स्थित 15 कोर (चिनार कोर) के कमांडर रहे, जहां उन्होंने आतंकवाद विरोधी अभियानों का नेतृत्व किया और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाई।
अपने कार्यकाल में उन्होंने “हार्ट्स एंड माइंड्स” यानी स्थानीय लोगों का भरोसा जीतने की नीति पर विशेष जोर दिया। उनके नेतृत्व में सेना ने युवाओं के लिए शिक्षा, खेल और रोजगार से जुड़े कई सामाजिक कार्यक्रम भी शुरू किए, जिससे कश्मीर के युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने की कोशिश की गई।
सेना से सेवानिवृत्ति के बाद भी सैयद अता हसनैन राष्ट्रीय सुरक्षा और रणनीतिक मामलों से जुड़े रहे। उन्हें राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) का सदस्य बनाया गया, जहां उन्होंने आपदा प्रबंधन से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णयों में योगदान दिया। इसके अलावा वे कश्मीर यूनिवर्सिटी के चांसलर के रूप में भी अपनी भूमिका निभा चुके हैं। अब उन्हें बिहार का राज्यपाल नियुक्त किया गया है।
गौरतलब है कि 24 दिसंबर 2024 को आरिफ मोहम्मद खान ने बिहार के राज्यपाल के रूप में पदभार संभाला था। उनकी नियुक्ति के साथ करीब 26 साल बाद बिहार को मुस्लिम समुदाय से राज्यपाल मिला था। इससे पहले वर्ष एआर किदवई बिहार के राज्यपाल रहे थे। अब सैयद अता हसनैन की नियुक्ति के साथ एक बार फिर राज्य को मुस्लिम राज्यपाल मिला है।