Hindi News / bihar / jamui-news / 20 मई को जनसुराज की बिहार बदलाव यात्रा: जेपी की जन्मभूमि सिताबदियारा से...

20 मई को जनसुराज की बिहार बदलाव यात्रा: जेपी की जन्मभूमि सिताबदियारा से प्रशांत किशोर करेंगे शुरुआत

इस यात्रा का उद्देश्य बिहार में व्यवस्था परिवर्तन और समग्र विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाना है। प्रशांत किशोर ने इस यात्रा को जेपी के अधूरे सपने को पूरा करने और बिहार में नयी राजनीति का आरंभ करने के रूप में बताया।

1st Bihar Published by: Dhiraj Kumar Singh Updated Apr 25, 2025, 5:21:30 PM

bihar

बिहार बदलाव यात्रा - फ़ोटो google

JAMUI: जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने आज जमुई में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि 20 मई से 'बिहार बदलाव यात्रा' की शुरुआत जय प्रकाश नारायण की जन्मभूमि सिताबदियारा से की जाएगी। यह यात्रा जेपी के अधूरे सपने को साकार करने, संपूर्ण क्रांति के उद्देश्य से बिहार में व्यवस्था परिवर्तन और समग्र विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम होगी।


पीएम मोदी के बिहार दौरे पर प्रशांत किशोर का तीखा प्रहार

प्रशांत किशोर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया बिहार दौरे पर निशाना साधते हुए कहा, “मोदी जी गुजरात में बुलेट ट्रेन की बात करते हैं, जहां एक लाख करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन बिहार में केवल 1-2 रेलवे लाइनों के दोहरीकरण और कुछ ट्रेनों की घोषणा होती है। नई ट्रेनें इसीलिए चलाई जा रही हैं ताकि बिहार के युवा उन ट्रेनों से गुजरात की फैक्ट्रियों में मजदूरी करने जा सकें।”


उन्होंने कहा, “हमें खुशी होती अगर बिहार में स्टील की फैक्ट्रियां लगतीं और यहां से मालगाड़ियों के जरिए देशभर में स्टील भेजा जाता। बिहार को ट्रेनों से ज़्यादा फैक्ट्रियों की ज़रूरत है। गुजरात की तरह बिहार में भी बननी चाहिए ताकि हमारे बच्चे अपने राज्य में ही रोज़गार पा सकें।”


नीतीश सरकार के मंत्री अशोक चौधरी पर भी बोला हमला

प्रशांत किशोर ने नीतीश सरकार के मंत्री अशोक चौधरी पर भी करारा हमला बोला। उन्होंने कहा, “अशोक चौधरी का राजनीतिक चरित्र सभी जानते हैं। उन्होंने अपनी बेटी को टिकट खरीद कर सांसद बनवाया है। वे यह सवाल पूछते हैं कि जन सुराज का पैसा कहां से आ रहा है, जबकि खुद की जवाबदेही से बचते हैं।


उन्होंने आगे कहा, “हम पर किसी भी प्रकार के अवैध फंडिंग का कोई आरोप नहीं लगा सकता। हम न विधायक हैं, न सांसद और न ही माफियाओं से जुड़े हुए हैं। जो भी संसाधन हैं, वह हमारी मेहनत और ईमानदारी का नतीजा है और उसे हम बिहार के गरीबों के लिए खर्च कर रहे हैं, ताकि वे आर्थिक अभाव के कारण राजनीति से दूर न रहें।”