1st Bihar Published by: First Bihar Updated Apr 10, 2025, 1:41:13 PM
शिक्षक से साइबर ठगों ने लुटा 40 लाख - फ़ोटो GOOGLE
Cyber crime in Bihar: बिहार के गया से अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जहां एक शिक्षक 40 लाख का साइबर फ्रॉड के हाथे चढ़ गया है। दरअसल, मगध विवि थाना क्षेत्र के गंगहर गांव निवासी शिक्षक संजीव कुमार साइबर अपराधियों की चाल का शिकार बन गए है और साइबर फ्रॉड के झांसे में आकर चालीस लाख गंवा दिए है। खुद को सीबीआई अधिकारी बताने वाले साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट और मनी लॉन्ड्रिंग के झांसे में फंसाकर 40 लाख 62 हजार 700 रुपये की ठगी कर ली। उनसे सात लाख और की डिमांड की गयी तब फ्रॉड का एहसास हुआ। मामले में पीड़ित शिक्षक ने साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है।
वहीं, पूछताछ के दौरान पीड़ित शिक्षक ने बताया कि संदीप दागर नामक एक व्यक्ति ने खुद को सीबीआई का अधिकारी बताते हुए वीडियो कॉल किया। उसने आधार नंबर किसी अपराधी को देने, केनरा बैंक में खाता खुलवाकर उसमें 17 करोड़ रुपए के लेन-देन का आरोप लगाते हुए मनी लॉन्ड्रिंग केस में फंसाने की धमकी दी। इसके बाद कभी सुप्रीम कोर्ट से बेल दिलाने तो कभी बैंक और घर की संपत्ति का वेरिफिकेशन कराने के नाम पर बार-बार पैसे की मांग की जाती रही।
बता दें कि, संदीप दागर और उसके गिरोह ने दिल्ली पुलिस, रिजर्व बैंक और फाइनेंशियल डिपार्टमेंट के फर्जी एक्नॉलेजमेंट लेटर डाक के माध्यम से घर पर भेज दिया था। जिसमें लिखा हुआ था कि सभी वेरिफिकेशन के बाद राशि लौटा दी जाएगी। शिक्षक ने बताया कि झांसे में आकर हमने अपने तीन बैंक खातों और संपत्ति वेरिफिकेशन के नाम पर कुल 40 लाख 62 हजार 700 रुपया ट्रांसफर कर दिया है। जब अपराधियों ने और सात लाख 48 हजार रुपए की मांग की तब जाकर हमें ठगी का एहसास हुआ।
पीड़ित के आवेदन पर गया साइबर थाना में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच कर रही है। बिहार में साइबर फ्रॉड का गिरोह काफी सक्रिय हो गई है और आए दिन बढ़ती जा रही है। साइबर अपराधी कभी लाभ तो कभी क्राइम में फंसाने का झांसा देकर सीधे सादे लोगों को ठगी का शिकार बनाते हैं। बड़े पैमाने पर सरकार और अन्य संस्थाओं की ओर से जागरुकता अभियान भी चलाया जा रहा है। फिर भी लोग उनके झांसे में आकर अपनी मेहनत की कमाई गंवा दे रहे हैं।