1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated May 31, 2025, 4:50:47 PM
जैसी करनी, वैसा भरनी - फ़ोटो reporter
Bihar Crime News: बिहार की मधुबनी कोर्ट ने दो दोषियों को फांसी की सजा सुनाई है। दोनों आरोपियों को कोर्ट ने नाबालिग बच्ची के साथ रेप और उसके बाद हत्या करने का मामले में दोषी पाया है। इसके साथ ही अदालत ने दोनों के ऊपर 1.20 लाख रुपए का आर्थिक जुर्माना भी लगाया है। सजा का ऐलान करते हुए जज ने इस घटना को जघन्य में भी जघन्यतम बताया है।
दरअसल, मधुबनी में गैंगरेप के बाद महादलित नाबालिक बच्ची की हत्या के मामले में अदालत ने दो दोषियों को फांसी और 1 लाख 20 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है। सजा सुनाते हुए कोर्ट ने कहा कि महादलित बच्ची के साथ गैंगरेप, हत्या और साक्ष्य छिपाने की घटना जघन्य में भी जघन्यतम है।
पूरा मामला जयनगर थाना क्षेत्र के एक गांव से जुड़ा है। सूचक राज कुमार सदाय ने जयनगर थाना में साल 2023 के जून महीने में जयनगर थाना में एक आवेदन देकर अपनी 8 वर्षीय बच्ची के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने पुलिस को बताया था कि घर के बगल में खेलते-खेलते बच्ची अचानक गायब हो गई और काफी खोजबीन के बावजूद उसका कहीं पता नहीं चला।
बच्ची के पिता के लिखित आवेदन पर पुलिस ने केस दर्ज किया और जांच शुरू की गई। इस दौरान मामले के अनुसंधानकर्ता दारोगा गोपाल कृष्ण ने जयनगर के परसा निवासी केस के अभियुक्त सुशील राय और अप्राथमिक अभियुक्त ओम कुमार झा को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया।
अनुसंधानकर्ता ने चार्जशीट में कोर्ट को बताया कि अभियुक्तों ने बच्ची के साथ गैंगरेप कर गमछे से गोला घोटकर उसकी हत्या कर दी। इनकी निशानदेही पर जर्जर कोसी कॉलोनी के एक कमरे में टूटे हुए एस्बेस्टस के नीचे से बच्ची के शव को बरामद किया गया। इसके बाद पुलिस ने घटनास्थल से दोनों अभियुक्तों का कपड़ा और हत्या में इस्तेमाल गमछा समेत अन्य साक्ष्यों को बरामद किया था।
जिसके बाद कोर्ट ने चार्जशीट में आरोपित पर सभी धाराओं में आरोप गठन कर किया गया। स्पेशल पीपी सपन कुमार सिंह ने बताया कि मामले में न्यायाधीश ने अभियोजन के पक्ष से कुल 18 साक्षियों के बयान कलमबंद किए। न्याधीश सैयद मोहम्मद फजलुल बारी ने दोनों आरोपी सुशील कुमार राय और ओम कुमार झा को दोषी पाते हुए अपने फैसले में कहा कि यह घटना जघन्य में भी जघन्यतम की श्रेणी में आती है इसलिए दोनों को फांसी और 1 लाख 20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई जाती है।
रिपोर्ट- कुमार गौरव, मधुबनी