1st Bihar Published by: First Bihar Updated Jun 18, 2025, 4:51:17 PM
प्रतीकात्मक - फ़ोटो Google
Bihar News: बिहार में दक्षिण-पश्चिम मानसून ने मंगलवार को अपनी दस्तक दे दी है, जिससे भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को काफी राहत मिली है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार मानसून ने भागलपुर, बांका, कटिहार, पूर्णिया, किशनगंज, अररिया, मधेपुरा, सहरसा और सुपौल जैसे पूर्वी जिलों में प्रवेश किया है। अगले 48 घंटों में मानसून के पूरे बिहार में फैलने की संभावना है, जिससे राज्य के अधिकांश हिस्सों में बारिश होगी। भागलपुर में मंगलवार को झमाझम बारिश ने लोगों को गर्मी से निजात दिलाई और अब अगले कुछ दिन रोजाना धूप-छांव के साथ बूंदा-बांदी या तेज बारिश की उम्मीद है।
मानसून की इस सक्रियता के पीछे एक निम्न दबाव का क्षेत्र है, जो दक्षिण-पश्चिम बांग्लादेश और पश्चिम बंगाल के ऊपर बना हुआ है। इस चक्रवाती परिसंचरण का असर समुद्र तल से 7.6 किलोमीटर की ऊंचाई तक है। अगले 24 घंटों में यह प्रणाली उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ेगी और गंगीय पश्चिम बंगाल में और सक्रिय होगी। इसके प्रभाव से बिहार में व्यापक बारिश की संभावना है।
IMD ने बताया कि 18 से 22 जून तक राज्य में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है, जिसमें गरज-चमक और वज्रपात की भी आशंका है। भागलपुर जैसे जिलों में में 83% आर्द्रता और पुरवाई हवाओं ने मौसम को सुहाना बना दिया है। बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर की मौसम विज्ञानी डॉ. नेहा पारीक ने बताया कि मानसून के प्रभाव से भागलपुर और आसपास के जिलों में अगले कुछ दिनों तक मध्यम वर्षा होगी। 18 से 22 जून के दौरान बारिश के साथ बिजली चमकने और वज्रपात का खतरा बना रहेगा।
उन्होंने किसानों और आम लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है, खासकर खुले मैदानों में काम करने से बचने की अपील की गई है। बिहार में मानसून की यह शुरुआत गर्मी से राहत तो दे रही है, लेकिन वज्रपात और भारी बारिश के कारण सावधानी बरतने की भी जरूरत है। हाल ही में बिहार के कुछ जिलों में आकाशीय बिजली से 14 लोगों की मौत की खबरें आई हैं, जिसने प्रशासन को अलर्ट पर रखा है।
अगले 48 घंटे बिहार के लिए अहम हैं, क्योंकि मानसून की प्रगति पूरे राज्य को कवर कर सकती है। पुलिस और आपदा प्रबंधन टीमें संवेदनशील इलाकों में तैनात हैं। लोग बारिश का आनंद ले रहे हैं, लेकिन मौसम विभाग की चेतावनी को नजरअंदाज न करने की सलाह दी जा रही है।