बिहार में बालू माफिया के हौसले बुलंद, खनन विभाग की टीम और पुलिस पर लाठी-रॉड से किया हमला; कई घायल

सारण जिले के छपरा में अवैध बालू खनन के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची खनन विभाग की टीम और पुलिस पर बालू माफियाओं ने हमला कर दिया। लाठी-डंडे और लोहे की रॉड से हुए हमले में खनन निरीक्षक सहित कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Mar 08, 2026, 12:30:01 PM

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Bihar Crime News: बिहार के सारण जिले में अवैध बालू खनन के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची खनन विभाग की टीम और पुलिस पर बालू माफियाओं ने जानलेवा हमला कर दिया। यह घटना रविवार सुबह छपरा शहर से सटे मुफस्सिल थाना क्षेत्र के जगदम कॉलेज ढाला के पास हुई।


जानकारी के अनुसार, साढ़ा ढाला की ओर से बालू लदा एक ट्रक गुजरने की सूचना मिलने पर खनन विभाग के निरीक्षक प्रदीप कुमार पुलिस बल के साथ स्कॉर्पियो वाहन से उसका पीछा करते हुए मौके पर पहुंचे। इसी दौरान पहले से घात लगाए 15 से 20 की संख्या में मौजूद बालू माफियाओं ने टीम को घेरकर अचानक हमला कर दिया।


हमलावरों ने लाठी-डंडे और लोहे की रॉड से खनन विभाग की स्कॉर्पियो गाड़ी पर ताबड़तोड़ हमला किया, जिससे वाहन के शीशे और बॉडी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। अचानक हुए हमले से पुलिस और खनन विभाग की टीम कुछ समय के लिए संभल नहीं सकी और जान बचाने के लिए गाड़ी के अंदर ही शीशे बंद कर बैठे रहे।


इस हमले में खनन निरीक्षक प्रदीप कुमार सहित कई पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिनमें महिला पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। हमले के बाद सभी हमलावर ट्रैक्टर लेकर बीन टोलिया गांव की ओर फरार हो गए, जिससे इलाके में कुछ देर के लिए अफरातफरी का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलते ही मुफस्सिल थाना के एसआई मृत्युंजय सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। पुलिस ने आसपास के इलाकों में छापेमारी तेज कर दी है और फरार हमलावरों की तलाश की जा रही है।


घटना की गंभीरता को देखते हुए डीआईजी निलेश कुमार भी घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि हमलावरों की जल्द पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही इलाके की घेराबंदी कर बालू माफियाओं के खिलाफ अभियान तेज करने का आदेश दिया गया है।


पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज की भी जांच कर रही है, ताकि हमले में शामिल लोगों की पहचान की जा सके। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और अवैध बालू खनन के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।