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नीट पर सॉल्वर गैंग का साया, पटना में बैठा है मास्टर माइंड

1st Bihar Published by: Updated Sep 14, 2021, 7:06:00 AM

नीट पर सॉल्वर गैंग का साया, पटना में बैठा है मास्टर माइंड

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PATNA : मेडिकल एंट्रेंस एग्जाम नीट की परीक्षा का आयोजन दो दिन पहले किया गया है लेकिन इस परीक्षा पर अब तो सॉल्वर गैंग का साया पड़ता दिख रहा है। सबसे बड़ी बात यह है कि सॉल्वर गैंग का सरगना पटना में बैठा है। पटना के पीके और विकास इस गैंग के मास्टरमाइंड बताए जा रहे हैं। दरअसल वाराणसी क्राइम ब्रांच ने रविवार को नीट एग्जाम के दौरान सॉल्वर गैंग का खुलासा करते हुए बीएचयू में बीडीएस सेकेंड ईयर की छात्रा जूली कुमारी और उसकी मां बबिता को गिरफ्तार किया है। जबकि इस गैंग का सदस्य विकास कुमार महतो भाग निकला। जूली त्रिपुरा निवासी छात्रा हिना विश्वास के स्थान पर परीक्षा दे रही थी । जूली पटना के बहादुरपुर थाना क्षेत्र स्थित संदलपुर वैष्णवी कॉलोनी की रहने वाली है। बताया जाता है कि गैंग का मास्टरमाइंड पटना का पीके और विकास कुमार महतो है। गैंग में केजीएमयू लखनऊ के एमबीबीएस अंतिम वर्ष का छात्र भी शामिल बताया गया है। इस सॉल्वर गैंग का नेटवर्क पूर्वोत्तर राज्यों तक फैला है। अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है। 


सूत्रों का दावा कि दो और लोग हिरासत में लिए गए हैं, लेकिन पुलिस अभी कुछ कहने से बच रही है। उधर, पूछताछ के बाद देर रात मां-बेटी को जेल भेज दिया गया। मेडिकल में प्रवेश के लिए रविवार को नीट परीक्षा हुई थी। सारनाथ थाने के टड़िया सोना तालाब स्थित सेंट फ्रांसिस जेवियर स्कूल में सेंटर था। यहां कक्ष निरीक्षक को छात्रों की जांच के दौरान जूली पर संदेह हुआ। उनकी सूचना पर सारनाथ पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम स्कूल पहुंची। परीक्षा बाधित न हो, इसलिए पुलिस ने तत्काल किसी को डिस्टर्ब नहीं किया। पुलिस युवती पर निगाह गड़ाए रही। परीक्षा खत्म होते ही पुलिस ने युवती को रोक लिया।


बीएचयू की छात्रा जूली के पिता मुन्ना कुमार पटना में सब्जी बेचते हैं। सॉल्वर गैंग ने उनकी पत्नी बबिता से संपर्क किया और पांच लाख रुपये का लालच दिया। कहा कि अगर तुम्हारी बेटी हमारी कैंडिडेट की जगह बैठ कर परीक्षा दे देगी तो सेंटर से बाहर निकलते ही पांच लाख रुपये मिल जाएंगे। इसके लिए बबिता को 50 हजार रुपये एडवांस भी दिए गए थे। बबिता लालच में आ गई और अपनी बेटी जूली को असल कैंडिडेट की जगह परीक्षा में बैठने के लिए राजी कर लिया।