1st Bihar Published by: First Bihar Updated Feb 04, 2023, 6:52:01 PM
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PATNA: पटना हाईकोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकार को बिहार में एक ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट बनाने के लिए विचार करने को कहा है। हाईकोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकार को आदेश दिया है कि दोनों सरकारें पटना और बिहटा हवाई अड्डा के विकल्प के तौर पर राज्य में एक ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट बनाने पर विचार करें। अभिजीत कुमार पांडे की जनहित याचिका को आंशिक तौर पर मंजूर करते हुए चीफ जस्टिस संजय करोल और न्यायमूर्ति पार्थसारथी की खंडपीठ ने यह फैसला सुनाया है।
दरअसल, ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट बहुतायत जमीन पर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा के तौर पर सभी सुविधाओं के साथ तैयार होता है। बिहार में अभी एक भी ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट नही है। चीफ जस्टिस की खंडपीठ ने केंद्र सरकार की इस सभी दलील को ठुकरा दिया कि बिहार में हवाई अड्डा का निर्माण जनहित का मामला नहीं है। हाईकोर्ट ने कहा है कि छोटी हवाई पट्टी के ऊपर बड़े-बड़े हवाई जहाज नहीं जा सकते। ऐसे में बिहार को एक बड़े ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट की जरूरत है।
खंडपीठ ने कहा है कि राज्य में खाली पड़े ऐसे जमीन की कोई कमी नहीं है, जो खेती के उपयोग लायक नहीं है। ऐसे जमीन का सर्वे करने के बाद केंद्र और राज्य सरकार बिहार के विकास के लिए, ग्रीन फील्ड हवाई अड्डा का निर्माण करें, जो सिर्फ सुलभ और सुरक्षित यात्रा के लिए ही नहीं बल्कि निर्माण, लॉजिस्टिक और ट्रांसपोर्ट उद्योग को भी बढ़ावा देगा। इससे सूबे से बाहर जाने वाले कुशल मजदूरों का पलायन रुकेगा और प्रवासी मजदूर वापस आएंगे।
मुख्य न्यायाधीश करोल ने इस मुकदमे की सुनवाई के दौरान बिहार को इन्फ्राट्रक्चरल डेवलपमेंट के बिंदु पर भी केंद्र और राज्य सरकार को ध्यान देने को कहा था। बता दें कि इस मामले में याचिकाकर्ता की तरफ से वरीय अधिवक्ता मृगयांक मौली, संकेत कुमार के अलावा सारण के सांसद राजीव प्रताप रूडी ने भी बहस किया था। वहीं, केंद्र सरकार की ओर से एडिशनल सॉलिसिटर जेनरल केएन सिंह और कुमार प्रियरंजन ने बहस किया था। हाईकोर्ट ने 20 दिसंबर को सुनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित कर लिया था, जिसे आज सुनाया गया।