1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sat, 07 Feb 2026 10:00:57 AM IST
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ITBP jawan assault case : जमुई जिले के मलयपुर थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज घटना सामने आई, जिसने स्थानीय लोगों के बीच भय और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है। पटौना चौक पर आइटीबीपी के एक जवान और उसके साथियों पर एक युवक के साथ बेरहमी से मारपीट करने और जान से मारने की कोशिश का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित युवक ने इस मामले में मलयपुर थाना में लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है।
पीड़ित युवक की पहचान मनीष कुमार भारती के रूप में हुई है। मनीष ने अपने आवेदन में बताया कि आइटीबीपी जवान राजू रविदास और उसके चार अन्य साथियों ने उस पर लाठी-डंडों से हमला किया। मनीष का आरोप है कि करीब डेढ़ साल पहले भी राजू रविदास के खिलाफ उसने मारपीट का मामला दर्ज कराया था, जिसकी एफआईआर मलयपुर थाना में दर्ज है। मनीष के मुताबिक, उसी पुराने केस को लेकर राजू रविदास और उसके साथी लगातार उस पर समझौता करने और मामला वापस लेने का दबाव बना रहे थे।
मनीष ने बताया कि जब उसने केस वापस लेने से इनकार कर दिया तो आरोपियों ने उसे घेर लिया और लाठी-डंडों से बेरहमी से पिटाई शुरू कर दी। इतना ही नहीं, आरोप है कि हमलावरों ने उसका गला दबाकर जान से मारने की भी कोशिश की। इस हमले में मनीष गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने किसी तरह बीच-बचाव कर मनीष की जान बचाई।
घटना की सूचना मिलते ही मलयपुर थाना पुलिस हरकत में आई। थाना अध्यक्ष के निर्देश पर आइटीबीपी जवान राजू रविदास को गिरफ्तार कर थाना लाया गया, जबकि घायल मनीष को इलाज के लिए सदर अस्पताल जमुई भेजा गया। अस्पताल में डॉक्टरों द्वारा उसका इलाज किया जा रहा है और उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
हालांकि, इस पूरे मामले में पुलिस की संवेदनशीलता पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित परिवार का आरोप है कि जब वे थाना पहुंचे तो वहां मौजूद दरोगा स्वाति कुमारी ने उनके साथ असंवेदनशील व्यवहार किया। परिजनों का कहना है कि कड़ाके की ठंड के बावजूद उन्हें लंबे समय तक थाना परिसर के फर्श पर बैठाए रखा गया, जिससे वे मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान हो गए।
मामले की जानकारी लेने पहुंचे पत्रकारों के साथ भी कथित तौर पर दुर्व्यवहार किए जाने की बात सामने आई है। आरोप है कि जब पत्रकारों ने घटना से जुड़े सवाल पूछे तो दरोगा स्वाति कुमारी ने उन्हें फटकार लगाई और रिपोर्टिंग करने से रोकने की कोशिश की। इस घटना के बाद स्थानीय मीडिया जगत में भी नाराजगी देखी जा रही है।
इधर, मामले की गंभीरता को देखते हुए मलयपुर थाना अध्यक्ष शेखर सौरभ खुद मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार से आवेदन लेकर पूरे मामले की जानकारी ली और निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया। थाना अध्यक्ष ने कहा कि मामले की जांच के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
आरोपी आइटीबीपी जवान राजू रविदास वर्तमान में दिल्ली में तैनात है। यह भी चर्चा है कि उसके खिलाफ पहले भी हत्या समेत कई गंभीर मामलों में नाम सामने आ चुका है। हालांकि, पुलिस अभी इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि करने से बच रही है और जांच पूरी होने का इंतजार करने की बात कह रही है।
इस घटना के बाद इलाके में लोगों के बीच डर और गुस्से का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोग प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। अब सभी की नजरें पुलिस प्रशासन पर टिकी हैं कि वह इस संवेदनशील मामले में कितनी तेजी और पारदर्शिता से कार्रवाई करता है।