1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Dec 04, 2025, 7:38:55 PM
प्रतिकात्मक - फ़ोटो Google
Bihar Airport: बिहार में हवाई सेवाओं के विस्तार के तहत कई शहरों में एयरपोर्ट विकसित किए जा रहे हैं, लेकिन इसी बीच नक्सल प्रभावित रहे जमुई जिले के लोगों की हवाई यात्रा की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि जमुई में फिलहाल एयरपोर्ट संचालन संभव नहीं है, क्योंकि विमानन कंपनियां यहां उड़ान शुरू करने में रुचि नहीं दिखा रही हैं।
लोकसभा में पूछे गए एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजारप्पू राममोहन नायडू ने दी। उन्होंने बताया कि जमुई से लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के सांसद अरुण भारती के प्रश्न पर जवाब देते हुए कहा कि किसी भी निजी विमानन कंपनी ने उड़ान योजना के तहत जमुई के लिए ‘डिमांड असेस्ड प्रपोजल’ प्रस्तुत नहीं किया है।
मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि बिहार सरकार ने भी उड़ान योजना में शामिल करने के लिए जमुई जिले में किसी सक्रिय हवाई पट्टी का प्रस्ताव नहीं भेजा है। उन्होंने कहा कि जमुई में कोई भी हवाई पट्टी वर्तमान में सक्रिय नहीं है और इसे उड़ान योजना की संभावित सूची में भी शामिल नहीं किया गया है।
दरअसल, बिहार में आने वाले वर्षों में 15 एयरपोर्ट विकसित करने की योजना पर केंद्र और राज्य मिलकर काम कर रहे हैं। पटना, गया और दरभंगा के बाद इस वर्ष पूर्णिया एयरपोर्ट चालू हुआ है। जबकि बिहटा एयरपोर्ट का काम तेजी से जारी है। इसके अलावा सुल्तानगंज, मुजफ्फरपुर, रक्सौल, वीरपुर सहित कई अन्य शहरों में भी छोटे-बड़े एयरपोर्ट विकसित किए जाने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
बता दें कि जमुई में एक पुराना हवाई अड्डा मौजूद है, लेकिन वह दशकों से निष्क्रिय है और अतिक्रमण की चपेट में है। पिछले वर्ष जिला प्रशासन ने हवाई अड्डा परिसर से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की थी, जिसके बाद स्थानीय लोगों में उड़ान सेवाओं की उम्मीद जगी थी।