1st Bihar Published by: 9 Updated Jul 09, 2019, 9:23:15 PM
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DESK: सूबे के डाटा एंट्री ऑपरेटर्स ने राज्य सरकार को काम ठप करने की चेतावनी दी है. जिला ईकाई बेगूसराय के जिलाध्यक्ष ने चेतावनी देते हुए कहा कि राज्य सरकार ने अगर उनकी मांगे नहीं मानी तो जिला से लेकर राज्य स्तर तक काम ठप कर दिया जाएगा. इस दौरान उन्होंने सूबे के डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी के विधानसभा में दिए बयान की जमकर आलोचना की. जिलाध्यक्ष ने कहा की डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी ने जो बयान विधानसभा में दिया है वो बिल्कुल निराधार है. https://www.youtube.com/watch?v=h9b_KohiZw0&t=5s काम ठप करने की चेतावनी बेगूसराय जिला कंप्यूटर ऑपरेटर संघ के जिलाध्यक्ष का गुस्सा उप मुख्यमंत्री सुशील मोदी के खिलाफ था. जिलाध्यक्ष अमित जायसवाल ने बताया कि डिप्टी सीएम को अपने विभाग के बारे में सही जानकारी नहीं है या फिर विभाग के अधिकारियों ने उन्हें सही जानकारी नहीं दी है. 'डिप्टी सीएम ने गलत जानकारी दी' दरअसल विधानसभा में डिप्टी सीएम सह आईटी मंत्री सुशील मोदी ने कहा था कि कंप्यूटर ऑपरेटरों का कार्यकाल तीन सालों का होता है और उन्हें वेतन में तीन फीसदी की सालाना बढ़ोतरी दी जाती है. जबकि सूचना प्रावैधिकी विभाग की तरफ से जारी आदेश के मुताबिक कहा गया है कि कंप्यूटर ऑपरेटरों का सेवा काल 60 सालों का होगा, बशर्ते कि सेवा काल में विभाग की तरफ से उनके खिलाफ कोई प्रतिकूल टिप्पणी नहीं हो. साथ ही उनके वेतन में सालाना 10 फीसदी की बढ़ोतरी की जाएगी. 'वेतन भी मिलता है लेट' जिलाध्यक्ष ने कहा कि वर्तमान सेवा शर्तों का लाभ कंप्यूटर ऑपरेटर पिछले तीन सालों से उठा रहे हैं जबकि सुशील मोदी कुछ और ही बयान दे रहे हैं. उन्होंने कहा कि उप मुख्यमंत्री का यह बयान हमलोगों के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है. सरकार पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि कंप्यूटर ऑपरेटरों को सात-आठ महीने देर से वेतन मिलता है. जबकि मंत्री ने विधानसभा में कहा कि कंप्यूटर ऑपरेटरों को एक से दो महीने में वेतन मिल जाता है.