1st Bihar Published by: First Bihar Updated Jun 29, 2024, 5:54:51 PM
- फ़ोटो
PATNA: पटना के डीएम डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने बड़ी कार्रवाई की है। पटना सदर अंचल के राजस्व कर्मचारी शशि शंकर और लिपिक संजीत कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। कार्य में लापरवाही के आरोप में पटना डीएम ने यह कार्रवाई की है।
डीएम ने अंचलाधिकारियों को यह निर्देश दिया है कि दाखिल-खारिज के आवेदनों के निष्पादन में स्वेच्छाचारिता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी सीओ से कहा कि फीफो का अनुपालन सुनिश्चित कराए। सरकारी कार्यों में किसी तरह की शिथिलता, लापरवाही और अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसा करने वाले पदाधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ विधि सम्मत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बताया जाता है कि पटना सदर अंचल में ऑनलाइन दाखिल खारिज के लिए आवेदन आये थे जिसके निष्पादन में अनियमितता बरतने की सूचना डीएम को मिली थी। आवेदक अभिषेक सिंह एवं अन्य लोगों ने पटना सदर के राजस्व कर्मचारी के खिलाफ दाखिल-खारिज एवं परिमार्जन संबंधी मामलों के निष्पादन में मनमानी करने और लापरवाही बरतने का आरोप लगाया था। इस मामले की जांच का जिम्मा जिलाधिकारी ने अपर समाहर्ता, अंचलाधिकारी को दी थी। जांच में पाया गया कि 4 फरवरी 2021 को आवेदक भोला प्रसाद ने छुटी हुई जमाबंदी को ऑनलाइन करने के लिए आवेदन दिया था।
अंचलाधिकारी ने 28-11-2023 को भूमि सुधार विभाग के उप समाहर्ता, पटना सदर को अनुशंसा के साथ अग्रसारित किया था। 6-3-2024 को आगे की कार्रवाई के लिए अंचल कार्यालय को भेजा गया था लेकिन राजस्व कर्मचारी शशि शंकर ने 4 महीने बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की। वही 3 नवम्बर 2023 को सुधीर कुमार राय ने परिमार्जन के लिए आवेदन दिया था लेकिन इसे भी राजस्व कर्मचारी शशि शंकर ने ठंडे बस्ते में डाल दिया। इसी तरह कई लोगों का काम रोक कर राजस्व कर्मचारी बैठे थे। इसी लापरवाही को लेकर पटना डीएम ने राजस्व कर्मी शशि शंकर को सस्पेंड कर दिया। वही कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप में अंचल कार्यालय पटना सदर के लिपिक संजीत कुमार को भी तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।