1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Wed, 04 Feb 2026 09:10:43 AM IST
प्रतिकात्मक - फ़ोटो Google
Bihar News: बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर के वैज्ञानिकों ने टिशु कल्चर विधि का इस्तेमाल करके नियंत्रित वातावरण में केसर के पौधे विकसित करने में सफलता हासिल की है। इस नवाचार को भारत सरकार से पेटेंट भी मिल चुका है, जो इसे वैज्ञानिक रूप से मान्यता प्राप्त उपलब्धि बनाता है।
अब बीएयू इस तकनीक को ‘लैब टू लैंड’ मिशन के तहत किसानों तक पहुंचाने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए पालीहाउस और शेडनेट में व्यापक परीक्षण किए जाएंगे और किसानों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। यदि ये प्रयोग सफल रहे, तो आने वाले वर्षों में बिहार में केसर का व्यावसायिक उत्पादन शुरू हो सकता है।
इससे किसानों की आय बढ़ेगी और फसल विविधीकरण को नई दिशा मिलेगी। केसर, जो सामान्यतः ठंडे प्रदेशों की बहुमूल्य फसल मानी जाती है, अब बिहार में भी उगाई जा सकेगी। यह कदम राज्य के कृषि क्षेत्र में नवाचार और आर्थिक विकास दोनों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।