1st Bihar Published by: MANOJ KUMAR Updated Mar 09, 2026, 11:44:57 AM
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल - फ़ोटो Reporter
Bihar Crime News: बिहार में हर्ष फायरिंग की घटनाओं पर पुलिस की सख्त पाबंदी और लगातार हो रही कानूनी कार्रवाइयों के बावजूद रसूखदार लोग कानून को ठेंगा दिखाने से बाज नहीं आ रहे हैं। ताजा मामला मुजफ्फरपुर के सिकंदरपुर थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहां सत्ता के गलियारे से जुड़े एक व्यक्ति द्वारा सरेआम नियम-कानून की धज्जियां उड़ाई गई हैं।
नगर निगम के वार्ड संख्या 45 के पार्षद शिव कुमार महतो के भाई सोनू का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बड़ी तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो किसी शादी समारोह का बताया जा रहा है। वीडियो में देखा जा सकता है कि चारों तरफ बैंड-बाजे की गूंज है और लोग उत्सव के माहौल में डूबे हुए हैं। इसी बीच, भीड़ के बीच मौजूद एक युवक, जिसकी पहचान वार्ड पार्षद के भाई सोनू के रूप में की जा रही है, हाथ में हथियार लेकर एक के बाद एक हवाई फायरिंग करता दिख रहा है।
तस्वीरों में साफ दिख रहा है कि युवक बिना किसी डर के भीड़ भरे इलाके में हथियार लहरा रहा है। हालांकि, यह राहत की बात रही कि इस दौरान कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ, लेकिन वहां मौजूद मेहमानों और स्थानीय लोगों में इस हरकत से दहशत का माहौल देखा गया। सोशल मीडिया पर इस वीडियो के वायरल होते ही प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल उठने लगे हैं।
इस वायरल वीडियो ने मुजफ्फरपुर पुलिस महकमे में हलचल पैदा कर दी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए नगर डीएसपी सुरेश कुमार ने त्वरित संज्ञान लिया है। वायरल वीडियो पर नगर डीएसपी ने कहा कि सोशल मीडिया के माध्यम से हर्ष फायरिंग का एक वीडियो हमारे संज्ञान में आया है। संबंधित थाना अध्यक्ष को वायरल वीडियो का सत्यापन करने और आरोपी की पहचान सुनिश्चित करने का निर्देश दे दिया गया है।
डीएसपी ने स्पष्ट किया कि पुलिस वीडियो की बारीकी से जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि वीडियो सत्यापन के बाद कानून के सुसंगत धाराओं के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। हर्ष फायरिंग किसी भी परिस्थिति में स्वीकार्य नहीं है और जो भी इसमें संलिप्त पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
बता दें कि बिहार में हर्ष फायरिंग को लेकर पुलिस मुख्यालय के कड़े निर्देश हैं कि ऐसी घटनाओं में शस्त्र लाइसेंस रद्द करने के साथ-साथ गिरफ्तारी भी सुनिश्चित की जाए। लेकिन जनप्रतिनिधियों के करीबियों द्वारा इस तरह की हरकतें पुलिस के दावों को चुनौती देती नजर आती हैं। स्थानीय लोग अब इस बात का इंतजार कर रहे हैं कि क्या पुलिस रसूख के दबाव में आती है या वाकई आरोपी सोनू के खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाती है।