Hindi News / news / 3 सितंबर से नहीं होगी इस एयरलाइन की बुकिंग, टाटा की कंपनी के...

3 सितंबर से नहीं होगी इस एयरलाइन की बुकिंग, टाटा की कंपनी के साथ हो रहा मर्जर

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Aug 30, 2024, 1:50:03 PM

3 सितंबर से नहीं होगी इस एयरलाइन की बुकिंग, टाटा की कंपनी के साथ हो रहा मर्जर

- फ़ोटो

DESK : हवाई सफर करने वाले लोगों के लिए यह काफी काम की खबर है। अब आप एक एयरलाइंस कंपनी का टिकट नहीं खरीद सकते हैं। इसकी वजह है कि अब इस कंपनी का टिकट नहीं मिल सकेगा।  3 सितंबर के बाद यात्री विस्तारा की फ्लाइट के लिए बुकिंग नहीं कर सकेंगे। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर इसकी वजह क्या है कि अब विस्तारा का टिकट नहीं मिलेगा। 


मिली जानकारी के अनुसार, जल्द एयर इंडिया और सिंगापुर एयरलाइंस के ज्वाइंट वेंचर से बनी एयरलाइन विस्तारा का प्रस्तावित मर्जर पूरा होने वाला है। सिंगापुर एयरलाइंस ने शुक्रवार को बताया कि प्रस्तावित मर्जर के लिए उसे फॉरेन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट (FDI) के लिए भारत सरकार से मंजूरी मिल गई है। वर्तमान में सिंगापुर एयरलाइंस के पास विस्तारा में 49% हिस्सेदारी है और विलय के बाद एयर इंडिया में उसे 25.1% हिस्सेदारी मिलेगी। एयरलाइन में टाटा की 74.9% हिस्सेदारी होगी। 


कंपनी ने बताया कि आगामी 3 सितम्बर से विस्तारा यात्री टिकटों की बुकिंग धीरे-धीरे कम करना शुरू कर देगी और 12 नवंबर या उसके बाद कोई बुकिंग स्वीकार नहीं करेगी। एयरलाइन ने कहा कि विस्तारा के सभी विमानों को एयर इंडिया के ऑपरेशन में इंटीग्रेट किया जाएगा और वर्तमान में इसके द्वारा ऑपरेटेड रूट्स के लिए बुकिंग को एयर इंडिया की वेबसाइट पर पुनः निर्देशित किया जाएगा। विस्तारा 11 नवंबर 2024 तक सामान्य रूप से बुकिंग लेना और उड़ानें ऑपरेट करना जारी रखेगी। कंपनी ने कहा कि 12 नवंबर 2024 को या उसके बाद विस्तारा की उड़ानों के लिए भी उड़ान संख्या एयर इंडिया कोड में बदल जाएगी।


मालूम हो कि, इस प्रस्तावित विलय की घोषणा नवंबर 2022 में की गई थी। एयर इंडिया का स्वामित्व टाटा समूह के पास है और विस्तारा टाटा तथा सिंगापुर एयरलाइंस के बीच 51:49 अनुपात वाला संयुक्त उद्यम है। सिंगापुर एयरलाइंस (एसआईए) ने शुक्रवार को सिंगापुर स्टॉक एक्सचेंज को दी सूचना में बताया, एयर इंडिया के साथ विस्तारा के प्रस्तावित विलय के हिस्से के रूप में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) के लिए भारत सरकार से उसे मंजूरी मिल गई है।