मांझी को अंबेडकर मूर्ति के पास बैठने की नहीं मिली अनुमति, गेट के बाहर ही कर रहे प्रदर्शन

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Nov 14, 2023, 11:52:57 AM

मांझी को अंबेडकर मूर्ति के पास बैठने की नहीं मिली अनुमति, गेट के बाहर ही कर रहे प्रदर्शन

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PATNA : हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा के संरक्षक जीतन राम मांझी आज से मौन धरना प्रदर्शन पर हैं। मांझी सुबह 11:30 बजे हाईकोर्ट स्थित अंबेडकर की मूर्ति के सामने मौन सत्याग्रह करने जा रहे थे। तभी गेट बंद होने के कारण उन्हें मूर्ति के पास जाने का अनुमति नहीं मिला। लिहाजा मांझी हाई कोर्ट गेट के बाहर मौन सत्याग्रह पर बैठ गए हैं। इस दौरान उनके साथ भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी भी मौजूद हैं। 


दरअसल,  हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा के संरक्षक जीतन राम मांझी जैसे ही पटना हाई कोर्ट के पास पहुंचे तो उन्हें नियमों का हवाला देकर मूर्ति के पास जाने से मना कर दिया गया।  मांझी को कहा गया कि- ये वैसी जगह है जहां किसी भी तरह का धरना या प्रदर्शन करने की अनुमति नहीं है। जबकि, हाल ही मैं जदयू के तरफ से बाबा साहब अंबेडकर की मूर्ति के पास एक कार्यक्रम करवाया गया है। लेकिन, अब मांझी जब वहां पहुंचे तो उन्हें मूर्ति के पास जाने से मना कर दिया गया।


 मालूम हो कि, बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दौरान सीएम नीतीश कुमार ने पूर्व सीएम जीतन राम मांझी पर भड़क गए थे। जीतन राम मांझी ने जातीय गणना को लेकर नीतीश सरकार पर हमला किया और उसे गलत बताया। उनके आरोपों पर नीतीश कुमार पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी से तुम-तड़ाक पर उतर गए। उन्होंने कहा कि ये मेरी मूर्खता से ये सीएम बना था। नीतीश के इस बयान के बाद सदन में मांझी धरने पर बैठ गए थे। अब उनकी पार्टी  नीतीश कुमार से इस्तीफे की मांग कर रही है।  


आपको बताते चलें कि, विधानसभा में सीएम नीतीश के प्रजनन दर पर की गयी टिपप्णी और पूर्व सीएम जीतनराम मांझी को लेकर दिखाये गय़े कड़े तेवर ने बीजेपी को नीतीश-तेजस्वी की सरकार के खिलाफ बहुत बड़ा मुद्दा दे दिया है और बीजेपी समेत पूरा एनडीए इस मुद्दे को आसानी से छोड़ने को तैयार नहीं है। नीतीश कुमार की गंभीर और नाप-तौल के बोलने वाली नेताओं की छवि को खत्म करने की कोशिश उनके दो बयानों के जरिए की जा रही है। महिलाओं के लिए की ऐतिहासिक कार्य करने वाले नीतीश कुमार को महिलाओं के प्रति गलत टिप्पणी करनेवालों के रूप में प्रचारित की जा रही है।  मांझी और बीजेपी के नेता बयानबाजी और धरना प्रदर्शन के बाद अब मौन सत्याग्रह करने जा रहे हैं।