1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated May 16, 2025, 2:48:35 PM
चिराग की पार्टी का सियासी ड्रामा - फ़ोटो google
Bihar Politics: बिहार में इस साल विधानसभा के चुनाव होने हैं। चुनाव को लेकर सभी राजनीतिक दलों ने तैयारियां तेज कर दी हैं तो वहीं छोटे दलों ने अधिक से अधिस सीटों पर चुनाव लड़ने के लिए अपने सहयोगी दलों पर दवाब बनाना शुरू कर दिया है। एनडीए में शामिल जीतन राम मांझी के बाद अब चिराग पासवान की पार्टी लोजपा(रामविलास) का भी सियासी ड्रामा शुरू हो चुका है।
दरअसल, 16 मई को पटना में चिराग पासवान की पार्टी लोजपा(रामविलास) की प्रदेश कार्यकारिणी बैठक बुलाई गई। इस बैठक में पार्टी की तरफ से कई प्रस्तावों को पारित किया गया है। पार्टी की तरफ से लाए गए प्रस्तावों में एक प्रस्ताव काफी अहम है। प्रदेश कार्यकारिणी बैठक में यह प्रस्ताव पारित किया गया कि लोजपा(रामविलास) स्वतंत्र पहचान के साथ बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में अपनी भागीदारी निभाएगी।
बिहार प्रदेश लोजपा(रामविलास) के प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी की तरफ से जारी पत्र में कहा गया कि, प्रदेश कार्यकारिणी बैठक में पारित्त सभी प्रस्ताव पार्टी की राजनीतिक दिशा को स्पष्ट करते हैं। लोजपा (रामविलास) के बिहार विधानसभा चुनाव 2025 स्वतंत्र पहचान के साथ चुनाव लड़ने के प्रस्ताव पारित करने के बाद यह माना जा रहा है कि चिराग की पार्टी ने बिहार में अधिक से अधिक सीटों पर चुनाव लड़ने के लिए बीजेपी पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है।
माना जा रहा है कि एनडीए में रहते हुए स्वतंत्र पहचान के साथ चुनाव लड़ने की घोषणा कर चिराग पासवान की पार्टी बीजेपी के ऊपर दवाब बनाने की कोशिश कर रही है। बता दें कि एनडीए में बीजेपी के कोटे से शामिल छोटे दलों का यह पुराना ड्रामा रहा है। जब भी चुनाव आते हैं तो वह अधिक से अधिक सीटें पाने के लिए प्रेशर पॉलिटिक्स का रास्ता अपनाते हैं। अब जब बिहार में विधानसभा का चुनाव होने जा रहा है तो फिर से वही सियासी ड्रामा शुरू हो गया है।