Bihar AEDO Exam : AEDO परीक्षा के लिए रिवाइज्ड एग्जाम डेट जारी, इस दिन तक होगी परीक्षा; जल्द जारी होगा एडमिट कार्ड

“BPSC ने AEDO परीक्षा 2026 के लिए नई तिथियाँ जारी की हैं। 14, 15, 17, 18, 20 और 21 अप्रैल को लिखित परीक्षा आयोजित होगी। एडमिट कार्ड जल्द जारी होगा।”

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Feb 27, 2026, 3:33:08 PM

Bihar AEDO Exam : AEDO परीक्षा के लिए रिवाइज्ड एग्जाम डेट जारी, इस दिन तक होगी परीक्षा; जल्द जारी होगा एडमिट कार्ड

- फ़ोटो

Bihar AEDO Exam : बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने सहायक शिक्षा विकास अधिकारी (AEDO) परीक्षा के लिए रिवाइज्ड एग्जाम शेड्यूल जारी कर दिया है। यह जानकारी उन सभी उम्मीदवारों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है जिन्होंने इस परीक्षा में शामिल होने के लिए पहले ही पंजीकरण करवा लिया था। अब उम्मीदवार BPSC की ओर से जारी नई परीक्षा तिथि के अनुसार अपनी तैयारी को व्यवस्थित कर सकते हैं।


आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, सहायक शिक्षा विकास अधिकारी परीक्षा बिहार राज्य के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर 14, 15, 17, 18, 20 और 21 अप्रैल, 2026 को आयोजित की जाएगी। परीक्षा को कुल तीन चरणों में आयोजित किया जाएगा, जिससे सभी उम्मीदवारों को परीक्षा में बैठने का पर्याप्त अवसर मिलेगा।


AEDO पदों के लिए BPSC कुल 935 पदों पर भर्ती करेगा। इनमें अनारक्षित वर्ग के लिए 374 पद, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए 93 पद, अनुसूचित जाति के लिए 150 पद, अनुसूचित जनजाति के लिए 10 पद, अत्यंत पिछड़ा वर्ग के लिए 168 पद, पिछड़ा वर्ग के लिए 112 पद और पिछड़े वर्ग की महिलाओं के लिए 28 पद आरक्षित हैं। यह स्पष्ट है कि आयोग ने सभी वर्गों के उम्मीदवारों के लिए न्यायसंगत अवसर सुनिश्चित किया है। चयनित उम्मीदवारों को सहायक शिक्षा विकास अधिकारी के रूप में प्रति माह 29,200 रुपये वेतन प्रदान किया जाएगा, जो नौकरी के प्रति उम्मीदवारों के आकर्षण को बढ़ाता है।


परीक्षा में उम्मीदवारों से तीन मुख्य विषयों में कुल 300 प्रश्न पूछे जाएंगे, जिसमें सामान्य भाषा, सामान्य अध्ययन और सामान्य योग्यता शामिल हैं। प्रत्येक प्रश्न का अंक एक अंक के अनुसार निर्धारित होगा और गलत उत्तर देने पर एक-तिहाई अंक की नेगेटिव मार्किंग लागू होगी। परीक्षा में सफलता प्राप्त करने के लिए उम्मीदवारों के लिए प्रत्येक पेपर में कम से कम 30 प्रतिशत अंक प्राप्त करना अनिवार्य है। यह सुनिश्चित करता है कि केवल योग्य उम्मीदवार ही आगे चयन प्रक्रिया में शामिल हो सकेंगे।


परीक्षा में शामिल होने के लिए एडमिट कार्ड भी जल्द ही जारी किया जाएगा। उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे BPSC की आधिकारिक वेबसाइट पर नियमित रूप से विजिट करें ताकि एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में किसी प्रकार की असुविधा न हो। इसके साथ ही परीक्षा की बेहतर तैयारी के लिए उम्मीदवारों को रोजाना मॉक टेस्ट और पिछले वर्षों के प्रश्न पत्र हल करने की सलाह दी जाती है। यह अभ्यास उन्हें परीक्षा पैटर्न और समय प्रबंधन में मदद करेगा।


BPSC की ओर से यह परीक्षा राज्य में शिक्षा क्षेत्र में महत्वपूर्ण पदों पर योग्य उम्मीदवारों की नियुक्ति के लिए आयोजित की जा रही है। सहायक शिक्षा विकास अधिकारी के पद पर नियुक्त उम्मीदवारों का कार्य मुख्यतः राज्य में स्कूलों और शिक्षा विभाग से जुड़े विभिन्न विकासात्मक कार्यों का संचालन करना होगा। यह भर्ती न केवल उम्मीदवारों के लिए कैरियर के अवसर खोलती है, बल्कि राज्य में शिक्षा प्रणाली को भी मजबूत बनाने में सहायक होगी।


सभी उम्मीदवारों से आग्रह किया जाता है कि वे परीक्षा की तैयारी के दौरान समय का सही प्रबंधन करें और विषयों की समझ को गहन बनाएं। सामान्य अध्ययन, सामान्य भाषा और सामान्य योग्यता के प्रश्नों के लिए पिछले वर्ष के प्रश्न पत्र और मॉक टेस्ट अत्यंत उपयोगी साबित हो सकते हैं। परीक्षा में सफलता पाने के लिए नियमित अभ्यास और समय प्रबंधन दोनों ही जरूरी हैं।


BPSC की यह भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और न्यायसंगत है, जिससे सभी योग्य उम्मीदवारों को समान अवसर मिल सके। नए एग्जाम शेड्यूल के अनुसार तैयारी करने वाले उम्मीदवार अब अपनी रणनीति को अंतिम रूप दे सकते हैं। आगामी परीक्षा में भाग लेने वाले सभी उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे मानसिक रूप से भी तैयार रहें और परीक्षा में शांति बनाए रखें। इस प्रकार, BPSC AEDO परीक्षा 2026 राज्य में शिक्षा क्षेत्र में योग्य और प्रतिभाशाली उम्मीदवारों को अवसर प्रदान करने वाली महत्वपूर्ण प्रक्रिया साबित होगी।


इस पूरी प्रक्रिया में उम्मीदवारों की सफलता का मार्ग तैयारी, अभ्यास और नियमों के पालन से होकर गुजरता है। इसलिए सभी उम्मीदवारों को चाहिए कि वे नियमित रूप से अध्ययन करें, मॉक टेस्ट लें और आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार एडमिट कार्ड समय पर डाउनलोड करें। इस प्रकार वे अपनी सफलता की संभावना को अधिकतम कर सकते हैं और राज्य में शिक्षा क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले पद पर अपनी जगह सुनिश्चित कर सकते हैं।